Increase |  Decrease |  Normal

Current Size: 100%

Share this
Syndicate content

लेख-आदि भेजें

लेख आदि यहाँ शामिल करने के दो तरीके हो सकते हैं। यदि आप नियमित रूप से भाग लेना चाहें तो आप सदस्य बन कर खुद ही लेख आदि यहाँ प्रकाशित कर सकते हैं। अन्यथा आप इस सुविधा के जरिए बिना सदस्य बने भी भेज सकते हैं। शामिल करने की एक शर्त तो है कि सह-संचार के उद्देश्यों के उपयुक्त हो और दूसरी यह कि लेख का स्तर अन्य प्रकाशित लेखों से तुलनीय हो। लेख के अलावा कविताएँ, कहानी या अन्य तरह की रचनाएँ भी भेज सकते हैं। ये आपके लिखे हों, अनुवादित हों या फिर किसी और के ही लिखे क्यों न हों (बशर्ते कॉपीराइट का कोई मुद्दा न हो- इस संबंध में आप कविताकोश की प्रकाशन नीतियों को ध्यान में रख सकते हैं)। जाहिर है, क्योंकि सह-संचार ज़ेडकॉम का हिन्दी संस्करण है, सर्वाधिक प्राथमिकता ज़ेडकॉम पर प्रकाशित लेखों के अनुवादों को दी जाएगी। ज़ेडकॉम पर प्रकाशित होने वाले लेखकों की रचनाओं के अनुवादों को भी प्राथमिकता दी जाएगी।

CAPTCHA
यह प्रश्न करके हम सुनिश्चित कर रहे हैं कि आप इंसानी अतिथि ही हैं, ताकि स्पैम से समय बचाया जा सके।
Image CAPTCHA
Enter the characters shown in the image.

लेखक विषय संवाद साभार अनुवादक

पहले वो आए साम्यवादियों के लिए

और मैं चुप रहा क्योंकि मैं साम्यवादी नहीं था

 

फिर वो आए मजदूर संघियों के लिए

और मैं चुप रहा क्योंकि मैं मजदूर संघी नहीं था

 

फिर वो यहूदियों के लिए आए

और मैं चुप रहा क्योंकि मैं यहूदी नहीं था

 

फिर वो आए मेरे लिए

और तब तक बोलने के लिए कोई बचा ही नहीं था

 

मार्टिन नीमोलर (1892-1984)